रांची : झारखंड एवम पी एस आइ इंडिया के संयुक्त तत्वाधान द चैलेंज इनिशिएटिव टी सी आई इंडिया कार्यक्रम के अंतर्गत शहरी स्वास्थ्य सलाहकार CUHM और CCPM का एक दिवसीय कार्यशाला निदेशक प्रमुख (स्वास्थ्य सेवा) डॉ. बिरेंद्र प्रसाद सिंह की अध्यक्षता में की गयी।

कार्यशाला में मुख्य अतिथि राज्य नोडल ऑफिसर- NUHM डॉ. रंजीत, राज्य नोडल ऑफिसर- परिवार नियोजन डॉ. पुष्पा, डॉ. लाल मांझी, अमरोहा उत्तर प्रदेश से आये हुए मास्टर कोच ACMO डॉ. जस्करन एवं जिला शहरी स्वास्थ्य समन्वयक श्री. अहसान अली, पी एस आइ इंडिया के डिप्टी चीफ ओफ पार्टी श्री. समरेंद्र बेहरा शामिल थे ।इस कार्यशाला का उद्देश्य झारखंड के सभी शहरी स्वास्थ्य कार्यक्रम वाले 22 जिलों को शहरी स्वास्थ्य एवम परिवार नियोजन सेवाओं को सुदॄढ़ करने हेतु उन्मुख करना है साथ ही साथ पिछले टीसीआई इंडिया के भौगोलिक क्षेत्र यूपी के उच्च प्रदर्शन वाले शहरों के मास्टर कोचों के अनुभव से सीखने में सहायता करके अपने शहरी स्वास्थ्य सलाहकार (मास्टर कोचों) को सक्षम और तैयार करना है। कार्यशाला की मुख्य गतिविधि टी.सी. आइ इंडिया मिनी यूनिवर्सिटी रही जिसपर बेस्ट प्रैक्टिस (हाइ इम्पैक्ट प्रैक्टिस- HII) के बारे में यू. पी. से आये मास्टर कोच डॉ. जस्करन एवं जिला शहरी स्वास्थ्य समन्वयक श्री. अहसान अलि के द्वारा सेशन लिया गया। उन्होंने विभिन्न उदाहरण देते हुए बताया कि कैसे युपी में HII को इम्प्लेमेंट किया गया और नतिजन उसका क्या रिजल्ट आया और जैसे युपी ने अपनाया वैसे ही झारखंड में इन बेस्ट प्रैक्टिस को इम्प्लेमेंट किया जा सकता है।कार्यशाला की शुरुआत करते हुए निदेशक प्रमुख (स्वास्थ्य सेवा) डॉ. बिरेंद्र प्रसाद सिंह ने कहा- जनसंख्या का सीधा असर हमारे संसाधनों में पड़ता है और इसलिये ये बहुत जरुरी है कि आज कि इस कार्यशाला में हम सब इस पर गहन विचार विमर्श करें और परिवार नियोजन एवम् स्वास्थ्य सेवाओं को मज़बूत करने के लिये क्या क़दम लिया जा सकता है। डॉ. बिरेंद्र ने युपी से आये हुए ACMO और DUHC का अभिवादन करते हुए युपी का अनुभव को शेयर करने को कहा।राज्य नोडल ऑफिसर- NUHM डॉ. रंजीत ने कहा की जिस तरह से दिन प्रतिदिन शहरी आबादी बढ़ रही है हमें हमारे स्टॉफ की क्षमता निर्माण करने की जरुरत है ताकि जो लक्ष्य है उसको प्राप्त कर पाये। पी एस आइ इंडिया को धन्यवाद की इस तरह की कार्यशाला का आयोजन किया जहाँ परिवार नियोजन और स्वास्थ्य प्रणाली को सुदृढ़ करने के लिये चर्चा हो पा रही।राज्य नोडल ऑफिसर- परिवार नियोजन डॉ. पुष्पा ने कहा की परिवार नियोजन की स्थायी विधि अब प्रतिवर्ती विधि की ओर परिवर्तन हो रहा है। उन्होंने प्रसवोत्तर परिवार नियोजन के उपर फोकस करने को कहा और साथ ही किशोर यौन प्रजनन स्वास्थ्य पर भी काम करने को कहा।डॉ. लाल मांझी ने पी एस आइ इंडिया को धन्यवाद देते हुए सभी प्रतिभागियों से कहा की इस कार्यशाला में पूरी तरह से भागीदारी लें और जो बेस्ट प्रैक्टिस है उनके बारे में जाने।पी एस आइ इंडिया के डिप्टी चीफ ओफ पार्टी श्री. समरेंद्र बेहरा ने पी एस आइ इंडिया के अंतर्गत टीसीआई इंडिया प्रोग्राम के बारे में बताया और कैसे हाइ इम्पैक्ट इंटरवेंसन या बेस्ट प्रैक्टिस को शहरी क्षेत्र में किस तरह से कार्यान्वित किया जाता है और उसका क्या रिजल्ट आता है। साथ ही उन्होंने बेहतर स्वास्थ्य सुविधा सभी की जरुरत है ।कार्यशाला में 22 जिलों के शहरी स्वास्थ्य प्रबन्धक और पी एस आइ इंडिया के पाँच जिले के शहरी प्रबंधक एवम राज्य सदस्यों ने भाग लिया| कार्यशाला के दौरान परिवार नियोजन सेल से परिवार नियोजन कंसल्टेंट श्रीमती गुंजन खल्खो ने परिवार नियोजन की जानकारी देते हु़ए कहा कि हमें और बेह्तर कार्य करने की जरुरत है और निजी संस्थानों कि भागीदारी सुनिस्चित करनी होगी । शहरी राज्य प्रबंधक विकाश राठौर ने सभी जिलों का परिवार नियोजन सम्बंधित एच एम आइ एस की डेटा साझा किया और जिन जिले का डेटा नगन्य है उनसे कहा की वे अपने जिले के डेटा पर ध्यान दें।कार्यक्रम का विधिवत रुप से समापन प्रमाण पत्र वितरण के पश्चात सुनील कुमार वरिय प्रबंधक पी एस आइ इंडिया द्वारा किया गया ।












