कोडरमा : कोडरमा जिले में हाथियों का आतंक थमने का नाम नहीं ले रहा है। हालात ऐसे हो गए हैं कि लोग दिन ही नहीं, रात में भी डर के साए में जीने को मजबूर हैं। वन विभाग की कोशिशें अब तक नाकाफी साबित हो रही हैं और इसका खामियाजा सीधे ग्रामीणों को भुगतना पड़ रहा है। बीते साल जहां हाथियों के हमले में 7 लोगों की जान गई थी, वहीं इस साल सिर्फ 10 दिनों में ही 3 लोगों की मौत हो चुकी है और 3 लोग घायल हैं।
ढाबे में घुसकर सो रहे कर्मचारी पर हमला
ताजा मामला शुक्रवार रात का है। कोडरमा-जयनगर रोड स्थित पथलडीहा गांव के पास एक भटके हुए हाथी ने जमकर उत्पात मचाया।हाथी सड़क किनारे बने शिवम लाइन होटल में घुस गया और वहां सो रहे 35 वर्षीय कर्मचारी उपेंद्र साव पर हमला कर दिया। अचानक हुए इस हमले से इलाके में अफरा-तफरी मच गई। गंभीर रूप से घायल उपेंद्र को पहले कोडरमा सदर अस्पताल ले जाया गया, जहां हालत गंभीर होने पर उसे रांची के रिम्स रेफर कर दिया गया।
पोल्ट्री फार्म में तोड़फोड़, लाखों का नुकसान
हाथी का गुस्सा यहीं नहीं थमा। पथलडीहा गांव में ही हुसैन आरिफ के पोल्ट्री फार्म में घुसकर उसने जमकर तोड़फोड़ की। फार्म में रखे ढांचे को नुकसान पहुंचा और कई मुर्गियां भी गायब हो गईं। इस घटना में मालिक को लाखों रुपये का नुकसान हुआ है।
गांव में डर का माहौल, लोग सहमे
लगातार हो रही घटनाओं से गांव के लोगों में दहशत साफ नजर आ रही है। शाम होते ही लोग घरों में कैद हो जा रहे हैं। बच्चों और बुजुर्गों की सुरक्षा को लेकर सबसे ज्यादा चिंता है।
वन विभाग पर उठ रहे सवाल
ग्रामीणों का कहना है कि वन विभाग हाथियों को खदेड़ने में पूरी तरह नाकाम साबित हो रहा है। लोगों का आरोप है कि समय रहते कोई ठोस कदम नहीं उठाया जा रहा, जिससे खतरा हर दिन बढ़ता जा रहा है।













